आयुर्वेद उपचार को बढ़ावा देने के लिए ग्राम पंचायतो में स्थापित होगा आयुष ग्राम

 

( जसवीर सिंह हंस ) राष्ट्रीय आयुष मिशन के अंतर्गत सोलन जिले की ग्राम पंचायत भोजनगर, काबाकलां, अनहेच तथा बोहली में आयुष ग्राम स्थापित किया जाएगा। यह जानकारी आज यहां इस संबंध में आयोजित बैठक की अध्यक्षता करते हुए उपायुक्त सोलन विनोद कुमार ने दी।

विनोद कुमार ने कहा कि आयुष ग्राम की स्थापना का मुख्य उद्देश्य आयुर्वेद के मुख्य सिद्धांतों, दिनचर्या, ऋतुचर्या एवं संतुलित आहार के माध्यम से बेहतर स्वास्थ्य प्राप्त करना है। प्राकृतिक चिकित्सा पद्धति एवं स्थानीय स्तर पर उपलब्ध औषधीय पौधों के प्रयोग को बढ़ावा देना भी आयुष ग्राम का उद्देश्य है। उन्होंने कहा कि प्रथम चरण में हिमाचल प्रदेश में आयुष ग्राम की स्थापना के लिए सोलन जिले की चार पंचायते चयनित की गई हैं। इन पंचायतांे में आयुष ग्राम से संबंधित गतिविधियों पर 10 लाख रुपये व्यय किए जाएंगे।

उन्होंने जिला आयुर्वेदिक अधिकारी को निर्देश दिए कि एक सप्ताह में आयुष ग्राम स्थापना के लिए कार्य योजना प्रस्तुत करें ताकि चर्चा के उपरांत कार्य योजना को 25 अप्रैल तक आयुर्वेद निदेशालय प्रेषित किया जा सके। उन्होंने ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, समेकित बाल विकास परियोजना तथा सूचना एवं जनसपंर्क विभाग को निर्देश दिए कि आयुष ग्राम से संबंधित विभिन्न कार्य समय पर पूरे करें ताकि लोग इससे लाभान्वित हो सकें।

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आयुर्वेद विभाग की संयुक्त निदेशक भावना शर्मा ने आयुष ग्राम की विस्तृत जानकारी प्रदान की। उन्होंने कहा कि परियोजना के तहत लोगों को आयुर्वेद के नियमांे के विषय में जागरूक बनाया जाएगा, उन्हें औषधीय पौधों की खेती के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा तथा चिन्हित ग्राम पंचायतों में स्वास्थ्य मेले आयोजित किए जाएंगे। परियोजना के तहत जागरूकता शिविर भी लगाए जाएंगे। विभाग आयुष ग्राम परिकल्पना के तहत ‘एक छात्र-एक पौधा’ गतिविधि को भी प्रोत्साहित करेगा। ‘एक छात्र-एक पौधा’ गतिविधि के तहत छात्रों को औषधीय पौधे लगाने के लिए प्रेरित किया जाएगा। आयुष ग्राम में लोगों को एक ही स्थान पर संपूर्ण चिकित्सा पद्धति का लाभ मिलेगा।

उन्होंने विभिन्न विभागों से आग्रह किया कि परियोजना की सफलता के लिए जिला आयुर्वेदिक अधिकारी को सहयोग प्रदान करें। आयुर्वेद विभाग के उपनिदेशक डॉ. के.आर. मोक्टा ने धन्यवाद प्रस्ताव प्रस्तुत किया।जिला आयुर्वेदिक अधिकारी डॉ. दीवाकर वर्मा ने कहा कि उपायुक्त सोलन के मार्गदर्शन एवं सभी संबद्ध विभागों के सहयोग से आयुष ग्राम सोलन जिले में स्वास्थ्य की परिकल्पना को नई दिशा देगा।

जिला ग्रामीण विकास अभिकरण के परियोजना अधिकारी भानू गुप्ता, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. आर.के. दरोच, जिला पंचायत अधिकारी सतीश अग्रवाल, जिला कार्यक्रम अधिकारी वंदना चौहान, आयुर्वेदिक चिकित्सा अधिकारी डॉ. अरविंद गुप्ता, अन्य आयुर्वेदिक चिकित्सा अधिकारी तथा अन्य संबद्ध विभागों के अधिकारी बैठक में उपस्थित थे।

 

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