पांवटा साहिब : खनन माफिया पर चला पाल्यूशन विभाग का डंडा , बिट्टा स्टोन क्रेशर का बिजली कनेक्शन कटा
पांवटा साहिब की यमुना नदी में अवैध खनन करने पर बिट्टा स्टोन क्रेशर के ऊपर कार्रवाई करते हुए पॉल्यूशन विभाग ने विद्युत विभाग को तुरंत बिजली काटने के निर्देश दिए थे इसके बाद बेटा स्टोन क्रेशर की बिजली काट दी गई।
सामने आ रहा है कि यमुना नदी में धड़ल्ले से और अवैज्ञानिक तरीके से दिन रात अवैध खनन किया जा रहा था। यहां तक की यमुना नदी में बिट्टा स्टोन क्रेशर के आसपास बड़े-बड़े गड्ढे भी देखे जा सकते हैं।
जल प्रदूषण विभाग पांवटा साहिब की माने तो बिना अनुमति के ही बिट्टा स्टोन क्रेशर चलाया जा रहा था बार-बार नोटिस दिए जाने के बावजूद बिट्टा स्टोन क्रशर ने विभागों के कानून को नजर अंदाज करते हुए गैर कानूनी तरीके से काम जारी रखा। इसके बाद जल एवं वायु प्रदूषण नियंत्रण विभाग द्वारा बिजली बोर्ड के माध्यम से विद्युत आपूर्ति काटी गई।
जल (प्रदूषण एवं प्रदूषण नियंत्रण) अधिनियम, 1974 की धारा 33-ए और वायु (प्रदूषण एवं प्रदूषण नियंत्रण) अधिनियम, 1981 की धारा 31-ए के तहत मेसर्स बिट्टा स्टोन क्रशर, ग्राम कुंजा मतरालियों, तहसील- पांवटा साहिब, की विद्युत आपूर्ति काटने का कार्यालय ने आदेश दिया था।
हिमाचल प्रदेश राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, क्षेत्रीय कार्यालय, पांवटा साहिब, जिला सिरमौर, हिमाचल प्रदेश के क्षेत्रीय अधिकारी से पत्र संख्या एचपीएसपीसीबी/आरओ (पीटी)/पावर डिस्कनेक्शन फाइल/2026-345 दिनांक 25.06.2026 के माध्यम से एक रिपोर्ट प्राप्त हुई है, जिसमें एचपीएसपीसीबी, पांवटा साहिब के क्षेत्रीय अधिकारी ने निम्नलिखित प्रस्तुतियाँ दी थी।
मेसर्स बिट्टा स्टोन क्रशर, ग्राम कुंजा मतरालियों , तहसील- पांवटा साहिब, जिला- सिरमौर, हिमाचल प्रदेश इस क्षेत्र में पत्थर तोड़ने की गतिविधियाँ संचालित कर रहा है।
बेटा स्टोन क्रशर यूनिट को दी गई पिछली संचालन अनुमति 31.03.2024 तक वैध थी। इसके बाद, इसके नवीनीकरण आवेदन संख्या 13354821 और 15619557 को पोंटा साहिब के आरओ द्वारा जारी टिप्पणियों/निर्देशों का पालन न करने के कारण स्वतः अस्वीकृत कर दी गई। बिट्टा स्टोन क्रशर यूनिट ने बाद में नवीनीकरण के लिए पुनः आवेदन किया, लेकिन आवेदन को 30.05.2026 की टिप्पणियों के साथ वापस कर दिया गया। आवेदन यूनिट के पास लंबित है और बिट्टा स्टोन क्रशर यूनिट राज्य बोर्ड की वैध संचालन अनुमति के बिना काम कर रही है।
नोटिस की भी नहीं की परवाह…
राज्य बोर्ड द्वारा इकाई को दिनांक 28.09.2024, 20.11.2024, 25.11.2024, 24.01.2025, 17.04.2025, 14.05.2025, 01.11.2025, 15.11.2025, 17.12.2025, 01.01.2026 और 09.03.2026 को नोटिस/कारण बताओ नोटिस/निर्देश जारी किए गए थे, जिसमें उसे वैध संचालन सहमति के बिना संचालन बंद करने और जल अधिनियम, 1974 और वायु अधिनियम, 1981 के प्रावधानों का अनुपालन करने का निर्देश दिया गया था।
आरओ एचपीएसपीसीबी पांवटा साहिब द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, इकाई को दी गई पर्यावरण मंजूरी 04.03.2026 को समाप्त हो गई है और इकाई को दी गई पीएमटी मंजूरी भी 06.06.2026 को समाप्त हो गई थी।
एचपीएसपीसीबी पांवटा साहिब के आरओ द्वारा बार-बार नोटिस दिए जाने और पर्याप्त अवसर प्रदान किए जाने के बावजूद, बिट्टा स्टोन क्रशर इकाई ने न तो वैध आरसीटीओ प्राप्त किया और न ही आरओ द्वारा समय-समय पर दी गई टिप्पणियों/गैर-अनुपालनों का अनुपालन प्रस्तुत किया।
निरीक्षण के दौरान, एचपीएसपीसीबी, पांवटा साहिब के आरओ ने वैध संचालन अनुमति के बिना संचालन और पर्यावरण मानदंडों/दिशानिर्देशों का अनुपालन न करने से संबंधित उल्लंघनों को देखा और सूचित किया। बार-बार निर्देश देने के बावजूद, बिट्टा स्टोन क्रशर इकाई विफल रही। इसके बाद स्टोन क्रेशर का बिजली कनेक्शन काट दिया गया।
अवैध खनन से यमुना कोनुकसान…
यमुना नदी में लगातार हो रहे अवैध कारण से यमुना पुल भी खतरे में आ गया है। यमुना नदी में बड़े-बड़े गड्ढों के कारण पल के मजबूत पिलर खोखले होते जा रहे हैं।
जिसके चलते यमुना नदी में तेज प्रभाव से पानी आ जाए तो किसी भी समय यमुना नदी पर बने पुल को भी खतरा हो सकता है। इसके अलावा यमुना नदी के किनारे बने लोगों के घरों को भी खतरा बना हुआ है।
बताते चलें कि यमुना नदी में अवैध खनन के लिए हिमाचल से लगी सीमा पर दर्जनों ट्रैक्टर, ट्रक यहां से हर रोज हजारों टन रेत व बजरी को ले जाते हैं। जिससे हिमाचल सरकार को प्रतिदिन लाखों रुपए के राजस्व का नुकसान हो रहा है। खनन करने की भी एक सीमा होती है, जबकि यमुना नदी में कई मीटर के हिसाब से गड्ढे हो गए हैं।
राष्ट्रीय हरित प्राधिकरण के नियमों की भी पूरी तरह से धज्जियां उड़ रही हैं। पर्यावरण को बहुत नुकसान हो रहा है। इसके अलावा पांवटा साहिब के डिग्री कालेज के सिंगल रोड में रोज रेत से भरे ट्रक तथा ट्रैक्टर चलते हैं। यहां पर रह रहे स्थानीय लोगों का कहना है कि जब तक कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ तब तक पुलिस प्रशासन इनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं करेगा। लोगों ने कहा कि कई बार तो डिग्री कालेज के पास गाड़ियों से विद्यार्थियों को जाम का सामना भी करना पड़ता है, जिससे छात्रों में रोष है।
वही इस बारे में पॉल्यूशन विभाग अधिकारी पवन शर्मा ने बताया कि बेटा स्टोन क्रशर विद्युत आपूर्ति को काट दिया गया है। वही मामले की जांच गंभीरता से की जा रही है। बिजली विभाग के अधिकारियों ने बिजली काटे जाने की पुष्टि की है











