Khabron wala
हिमाचल प्रदेश के शिमला जिले स्थित कुपवी क्षेत्र में साइबर ठगी का एक बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां एक व्यक्ति के बैंक खाते से साइबर ठगों ने कुल 6 लाख रुपए की भारी भरकम राशि उड़ा ली। इस मामले में सबसे हैरान करने वाली बात यह है कि पीड़ित द्वारा पहली ठगी के तुरंत बाद बैंक स्टाफ से खाता फ्रीज करने की गुहार लगाई गई थी, इसके बावजूद शातिरों ने खाते से दोबारा लाखों रुपए निकाल लिए।
पुलिस को दी गई शिकायत के अनुसार, पीड़ित नारायण सिंह पुत्र किरपा राम निवासी गांव सनत, डाकघर भालू, तहसील कुपवी व जिला शिमला ने बताया कि यह घटना 13 अक्तूबर की है। दोपहर करीब 3:30 बजे उनके मोबाइल नंबर पर अचानक कुछ ओटीपी आए। इससे पहले कि वह कुछ समझ पाते, उनके हिमाचल प्रदेश स्टेट को-ऑप्रेटिव बैंक के खाते से एक झटके में 4 लाख रुपए कटने का मैसेज आ गया।
खाता फ्रीज करने में हुई देरी, 2 लाख और निकाले
4 लाख रुपए कटने के तुरंत बाद घबराए पीड़ित ने बिना समय गंवाए बैंक स्टाफ से संपर्क साधा और अपने खाते को तुरंत ब्लॉक या फ्रीज करने का अनुरोध किया, ताकि खाते में बची शेष राशि को सुरक्षित किया जा सके। आरोप है कि बैंक की तरफ से खाता तुरंत फ्रीज नहीं किया गया। इसी लेटलतीफी का फायदा उठाकर साइबर ठगों ने उसी खाते से 2 लाख रुपए की राशि और निकाल ली। इस प्रकार पीड़ित के साथ कुल 6 लाख रुपए की बड़ी ऑनलाइन ठगी को अंजाम दिया गया।
जीरो एफआईआर के आधार पर कुपवी थाने में केस दर्ज
इस मामले में सबसे पहले साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन शिमला में शिकायत दी गई थी, जहां से प्राप्त जीरो एफआईआर के आधार पर अब पुलिस थाना कुपवी में मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने साइबर धोखाधड़ी के इस गंभीर मामले में भारतीय न्याय संहिता की धारा 318(4) के तहत मुकद्दमा दर्ज कर लिया है।
थाना प्रभारी खुद कर रहे हैं मामले की जांच
लाखों रुपए की इस ठगी और मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए कुपवी पुलिस थाना के प्रभारी स्वयं इस मामले की गहन जांच कर रहे हैं। पुलिस की साइबर तकनीकी टीम अब यह पता लगाने में जुटी है कि यह 6 लाख रुपए की राशि किन-किन खातों में ट्रांसफर की गई है और इस ठगी को अंजाम देने वाला यह साइबर गिरोह कहां से ऑपरेट कर रहा है।








