हिमाचल हमारा है, इस सोच के साथ आगे बढ़े की आवश्यकताः शुक्ल

‘‘प्रोग्रेसिव एण्ड ड्रग फ्री हिमाचल’’ कार्यक्रम में शामिल हुए राज्यपाल

Khabron wala 

टाइम्स ऑफ इंडिया द्वारा आज यहां आयोजित ‘‘प्रोग्रेसिव एण्ड ड्रग फ्री हिमाचल’’ कार्यक्रम में राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ल ने बतौर मुख्य अतिथि अपने संबोधन में कहा कि इस विषय पर सबको मिलकर काम करने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि सबका एक ही उद्देश्य होना चाहिए कि हिमाचल हमारा है और सोच अच्छी होगी तो परिणाम भी अच्छे ही मिलेंगे।

राज्यपाल ने कहा कि देवभूमि में नशे का कोई स्थान नहीं होना चाहिए। एक समय था जब उन्होंने नशामुक्त हिमाचल अभियान को चलाया उस समय लोगों को समस्या का पता होते हुए भी वे इससे नहीं जुड़ना चाहते थे। लेकिन, उन्होंने हार नहीं मानी और हर जिले में जाकर जागरूकता का काम किया। रैलियां निकाली और लोकभवन में पंचायती राज संस्थानों को बुलाकर जागरूकता का काम किया। पंचायत प्रतिनिधि आगे आने लगे और कुछेक स्थानों पर पंचायतों ने नशे में संलिप्त परिवारों को सुविधाओं से वंचित करने की बात तक कही। उन्होंने कहा कि युवाओं, महिलाओं और पंचायत प्रतिनिधियों के सहयोग के बात यह मुहिम बढ़ती चली गई। उन्होंने संतोष व्यक्त किया कि आज सरकार, पुलिस प्रशासन और आम जनता मिलकर इस दिशा में आगे बढ़ रहे हैं।

राज्यपाल ने कहा कि जनमत का कार्य समाचार पत्र से जुड़े व्यक्ति कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि पुलिस प्रशासन के बिना नशा रोका नहीं जा सकता। क्योंकि, जागरूकता का काम भी पुलिस करती है और संदेश देने का काम भी पुलिस ही करती है। उन्होंने कहा कि पुलिस प्रशासन भी कानून को और प्रभावी तरीके से लागू करे। नशे के अवैध धंधे में संलिप्त व्यक्तियों को कानून के दायरे में लाए। कॉलेजों और आम जनता के बीच जाकर उन्हें जागरूक करे। उन्होंने कहा कि आज सबसे बड़ी आवश्यकता सरकारी क्षेत्र में नशामुक्त केंद्र स्थापित करने की है ताकि नशे के आदी व्यक्ति का उपचार और पुनर्वास सुनिश्चित बनाया जा सके। उन्होंने कहा कि हिमाचल सुरक्षित रहेगा तो सभी सुरक्षित रहेंगे। उन्होंने कहा कि प्रगतिशील हिमाचल का निर्माण केवल नीतियों से नहीं, बल्कि सकारात्मक सोच, जिम्मेदार मीडिया और सक्रिय नागरिक सहभागिता से संभव है। ऐसे मंच सरकार और समाज के बीच सेतु का कार्य करते हैं और रचनात्मक सुझावों को सामने लाते हैं।

इससे पूर्व, पुलिस महानिदेशक अशोक तिवारी ने नशे के खिलाफ प्रदेश सरकार और पुलिस प्रशासन द्वारा चलाए जा रहे अभियान और अन्य प्रयासों की विस्तृत चर्चा की। उन्होंने नशे के खिलाफ राज्यपाल और मुख्यमंत्री की संवेदनशीलता के साथ किए गए प्रयासों के लिए आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर उन्होंने एक वीडियो के माध्यम से नशे के खिलाफ राज्य सरकार और पुलिस की पहल की जानकारी दी। उन्होंने नशे के खिलाफ समग्र दृष्टिकोण को अपनाने पर बल दिया।

You may also likePosts

हिमाचल प्रदेश राज्य महिला आयोग की अध्यक्षा विद्या नेगी ने भी इस अवसर पर अपने विचार साझा किए। उन्होंने कहा कि नशे जैसे मामलों में आर्थिक, सामाजिक और भावनात्मक तौर पर महिलाएं ज्यादा प्रभावित होती हैं। उन्होंने कहा कि आज के परिप्रेक्ष्य में बच्चों के प्रति सहयोगात्मक परामर्श देना जरूरी है।

इंदिरा गांधी मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल शिमला के पूर्व वरिष्ठ अधीक्षक डॉ. रमेश चंद ने भी अपने विचार व्यक्त किए।

इससे पूर्व, टाइम्स ऑफ इंडिया, चंडीगढ़ की ब्रांच हेड अंजलि कुमरिया ने राज्यपाल का स्वागत किया।

इस अवसर पर, लघु नाटिका के माध्यम से नशे के दुष्परिणामों की जानकारी दी गई।

 

Related Posts

Next Post

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!