Khabron wala
हिमाचल प्रदेश के मंडी जिला में बुधवार को एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। छतरी से मंडी जा रही हिमाचल पथ परिवहन निगम की एक बस के डुघल के पास अचानक पिछले दोनों टायर निकल गए। गनीमत यह रही कि बस चालक ने अपनी सतर्कता और सूझबूझ का परिचय देते हुए समय रहते वाहन पर नियंत्रण पा लिया और बस को सड़क पर ही सुरक्षित रोक दिया। घटना के समय बस में 21 यात्री सवार थे। यदि चालक बस को नियंत्रित करने में जरा भी चूक करता, तो एक बड़ा और दर्दनाक हादसा हो सकता था।
जानकारी के अनुसार यह घटना बुधवार सुबह करीब 9:45 बजे घटी। जैसे ही चलती बस के दोनों पिछले टायर धड़ाम से बाहर निकले, बस में सवार यात्रियों में हड़कंप मच गया। हालांकि, बस के सुरक्षित रुकने के बाद सभी यात्रियों ने राहत की सांस ली। इस तकनीकी खराबी के कारण बस सड़क के बीचोंबीच फंस गई, जिसके चलते चैलचौक-जंजैहली मार्ग पर दोनों तरफ वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। करीब सवा दो घंटे तक यातायात पूरी तरह बाधित रहा और दोपहर 12 बजे के आसपास मार्ग को फिर से बहाल किया जा सका। इस दौरान जंजैहली और चैलचौक की ओर सफर कर रहे यात्रियों सहित स्थानीय लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
इस घटना के बाद स्थानीय लोगों में एचआरटीसी प्रबंधन की कार्यप्रणाली को लेकर रोष है। लोगों ने प्रबंधन से मांग की है कि बसों की तकनीकी जांच और रखरखाव व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाया जाए, ताकि भविष्य में ऐसी जानलेवा घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो और यात्रियों की सुरक्षा से कोई समझौता न हो। वहीं, इस पूरे मामले पर एचआरटीसी मंडी के क्षेत्रीय प्रबंधक पीयूष शर्मा ने बताया कि यह घटना बस में अचानक आए एक मैकेनिकल फाल्ट (तकनीकी खराबी) के कारण हुई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि निगम द्वारा समय-समय पर बसों की बाकायदा तकनीकी जांच की जाती है और यात्रियों की सुरक्षा को लेकर बसों के रखरखाव में पूरी सावधानी बरती जाती है।










