सिरमौर के सी एम ओ के के पराशर ने बताया कि बताया कि 15 से अधिक सिरमौर के लोगों को केवल एम्स में एतिहात के तौर पर रखा गया है इनमें से किसी में भी कोरोना वायरस के लक्षण नहीं दिखाई दिए हैं गौरतलब है कि यह सभी लोग 15 जनवरी के बाद भारत वापस पहुंचे थे परंतु गत दिवस एक अफवाह फैल गई थी कि सिरमोर व पावटा साहिब चीन का जानलेवा कोरोना वायरस पहुंच गया है जिस पर स्वास्थ्य विभाग की तरफ से स्पष्ट कर दिया गया है कि ऐसा कोई भी मामला सामने नहीं आया है
सिरमौर के सी एम ओ के के पराशर ने बताया कि कोरोना वायरस के लिए लोगो को जागरूक करने के लिए चिकित्सा विभाग द्वारा पेम्पलेट भी छापवाएं गए है जिसे घर-घर बांटा जा रहा है । उन्होने कहा कि कोरोना वायरस से घबराएं नहीं । उन्होने कहा कि चिकित्सा विभाग द्वारा राष्ट्रीय तथा प्रदेश स्तर पर परामर्श जारी किया गया है जिसके तहत 15 जनवरी 2020 से कोरोना वायरस से प्रभावित चीन व अन्य देशो से आने वाले यात्रियो के सम्पर्क में आने से इस रोग की सम्भावना हो सकती है । उन्होने कहा कि इन देशो से आने वाले यात्रियो की जानकारी हवाई अडडो से ही प्रदेश के स्वास्थ्य विभागो को प्रदान की जा रही है । उन्होने कहा कि जिले में अभी तक कोरोना वायरस से प्रभावित यात्री नहीं आया है ।
उन्होने कहा कि कोरोना वायरस के लक्षण जैसे खांसी, बुखार व सांस लेने में तकलीफ है । उन्होने कहा कि कोरोना वायरस संक्रमण के जोखिम को कम करने के लिए साबुन व सेनेटीजर से हाथ साफ करे । खासते व छीकते समय टीशु पेपर या रूमाल से नाक व मुंह को ढाके, ठण्ड व फ्लू जैसे लक्षण वाले किसी भी व्यक्ति के निकट सम्पर्क से बचे । उन्होने कहा कि मांस व अण्डे को अच्छी तरह पका कर खाएं । उन्होने आग्रह किया कि चीन व अन्य प्रभावित क्षेत्रो से आए यात्री अपने आगमन की सूचना 104 हैल्प लाईन पर तुरन्त दे ।











