राजगढ़ शहर में स्टेशनरी की दुकानों पर ग्राहकों द्वारा सोशल डिस्टेसिंग की धज्जियां उड़ाई जा रही है । बच्चों की प्रभावित हो रही पढ़ाई को देखते हुए प्रदेश में स्टेशनरी की दुकानों को तय सीमा में खोलने बारे अनुमति प्रदान की गई थी । परंतु अनुमति मिलने के उपरांत स्टेशनरी की दुकानों पर सोशल डिस्टेसिंग के नियम को दरकिनार करके प्रतिदिन भीड़ लगी रहती है । कोरोना वायरस के खौफ से बचाव के लिए प्रशासन और पुलिस द्वारा लोगों को मास्क व दस्ताने पहनने तथा सोशल डिस्टेंिसंग बनाए रखने बारे व्यापक प्रचार किया जा रहा है परंतु लोगों द्वारा अपने बचाव के लिए नहीं बल्कि पुलिस के डर से मास्क पहनने आरंभ कर दिए गए हैं ।
बता दें कि प्रशासन द्वारा वीरवार को जहां एक ओर गाड़ी पर लॉऊड स्पीकर लगाकर पूरे शहर में कोविड-19 से बचाव हेतू व्यापक प्रचार किया जा रहा था । वहीं पर दूसरी ओर करियाना, सब्जियों और स्टेशनरी की दुकान पर खड़े लोग लॉऊड स्पीकर की आवाज सुनने के बाद भी सोशल डिस्टेंसिंग नहीं रख रहे थे । यहीं नहीं कुछ दुकानदारों द्वारा मास्क व दस्ताने भी नहीं लगाए जा रहे हैं । सरकार द्वारा हर दुकान पर पुलिस तैनात करना संभव नहीं परंतु लोगों को इस देशव्यापी संकट को देखते हुए स्वयं सरकार द्वारा कोरोना के बचाव के लिए जारी एडवायजरी की अनुपालना की जानी चाहिए ।स्थानीय प्रशासन का कहना है कि बार बार समझाने के बाद भी लोगों द्वारा जारी एडवायजरी की अनुपालना नहीं की जा रही है । दुकानदारों को चाहिए कि वह अपनी दुकान पर मास्क, दस्ताने और सोशल डिस्टेसिंब बनाए रखे अन्यथा ऐसे दुकानदारों के खिलाफ कार्यवाही की जाएगी ।












