मीडिया में कोविड-19 बारे अप्रमाणिक समाचारों को रोकने का आग्रह

राज्य सरकार समाचार पत्रों, टी.वी.चैनलों तथा विभिन्न सोशल मीडिया प्लेटफार्मों पर कोविड-19 से सम्बन्धित प्रकाशित अथवा प्रसारित होने वाले अप्रमाणिक समाचारों को रोकने के लिए उचित कार्रवाई कर रही है ताकि समाज में किसी तरह का भय पैदा न हो।


सचिव, सूचना एवं जन सम्पर्क रजनीश ने सूचना एंव जन सम्पर्क विभाग के निदेशक की अध्यक्षता में गठित फेक न्यूज माॅनिटरिंग युनिट द्वारा किए जा रहे कार्यो की समीक्षा करते हुए बताया कि मीडिया द्वारा कोविड-19 की रोकथाम से सम्बन्धित महत्वपूर्ण सूचनाएं लोगों तक पहुॅचाई जा रही हैं जिससे लोग जागरूक हो रहे हैं।


उन्होेंने मीडिया से सर्वोच्च न्यायालय के निर्देश, जिसकी प्रतियां मीडिया को जारी कर दी गई है, को ध्यान में रखते हुए कोविड-19 से सम्बन्धित अप्रमाणिक समाचारों को प्रकाशित नहीं करने का आग्रह किया ताकि लोगों को किसी प्रकार की कोई परेशानी न हो। उन्होंने बताया कि भारतीय प्रेस परिषद ने भी मीडिया को ऐसे भ्रामक समाचारों का प्रचार-प्रसार करने से परहेज करने की सलाह दी है।


उन्होंने मीडिया से आग्रह किया कि वह अपनी स्वतंत्रता को बरकरार रखते हुए संकट की इस घड़ी में कोविड-19 से सम्बन्धित कोई भी सूचना जारी करने से पहले उसकी पुष्टि करना सुनिश्चित करें ताकि आम जनमानस में किसी तरह का भय उत्पन्न न हो। उन्होंने बताया कि सोशल मीडिया में चलने वाले अप्रमाणिक समाचारों को तुरन्त हटाने की कार्रवाई की जाए।


इससे पूर्व निदेशक सूचना एवं जन सम्पर्क एवं फेक न्यूज माॅनटरिंग युनिट के अध्यक्ष हरबंस सिंह ब्रसकोन ने युनिट के सदस्यांे के साथ बैठक की और उन्हें कोविड-19 से सम्बन्धित प्रकाशित अथवा प्रसारित होने वाले अप्रमाणिक समाचारों को प्रकाशित नहीं करने बारे केन्द्र सरकार द्वारा जारी दिशा-निर्देशों की अनुपालना करने की आवश्यकता पर बल दिया।


हरबंस सिंह ब्रसकोन ने माॅनिटरिंग युनिट के सभी सदस्यों को कोरोना वायरस से सम्बन्धित प्रकाशित अथवा प्रसारित होने वाले अप्रमाणिक व भ्रामक समाचारों पर नजर रखने के लिए कहा ताकि उचित निर्णय लिया जा सके। ।


उन्होंने बताया कि माॅनिटरिंग युनिट द्वारा लिए गए निर्णय के अनुसार ई-मेल आई.डी. बनाई गई है ताकि लोग कोविड-19 से सम्बन्घित चल रही अप्रमाणिक सूचनाओं की शिकायत इस पर दर्ज कर सकें।बैठक में माॅनिटरिंग युनिट के सदस्य पुलिस अधीक्षक (साईबर क्राइम) संदीप धवल, स्वास्थ्य विभाग के संयुक्त निदेशक डाॅ. विनोद शर्मा, आई.टी.विभाग के संयुक्त निदेशक अनिल सेमवाल, सूचना एवं जन सम्पर्क विभाग के संयुक्त निदेशक प्रदीप कंवर, महेश पठानियां, उप-निदेशक धर्मेन्द्र सिंह व यु.सी. कौण्डल तथा आई.टी.प्रबन्धक किशोर शर्मा भी उपस्थित थे।

Related Posts

Next Post

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!