हर घर बने पाठशाला नामक एप्प के माध्यम से राजगढ़ शिक्षा खंड के 57 अप्पर प्राइमरी स्कूलों के 75 प्रतिशत विद्यार्थियों को जोड़ जा चुका हैं जबकि शेष 25 प्रतिशत विद्यार्थियों को इस कार्यक्रम के तहत विभिन्न माध्यमों से जोड़ने के भरसक प्रयास किए जा रहे हैं । यह जानकारी खंड स्रोत समन्वयक अपर प्रायमरी प्रेम चौहान ने वीरवार को देते हुए बताया कि राजगढ़ शिक्षा खंड के 57 अप्पर प्राइमरी स्कूलों में छटी से आठवीं कक्षा तक शिक्षा ग्रहण कर रहे कुल 2119 विद्यार्थियों में से 1594 बच्चों को जोड़ा जा चुका है ताकि कोविड-19 के संकट के दौरान बच्चों की पढ़ाई प्रभावित न हो । उन्होने बताया कि हर घर बने पाठशाला को व्यवहारिक बनाने के उददेश्य से जूूम एप्प के माध्यम से जिला परियोजना अधिकारी नाहन (समग्र शिक्षा ) ऋषि पाल शर्मा व् खंड परियोजना अधिकारी अनीता नेगी के साथ एक बैठक की गई जिसमें राजगढ़ खंड के पांच सीआरसीसी ने भाग लिया ।
उन्होने बताया कि कोविड-19 के देशव्यापी संकट के कारण स्कूलों के बंद होने की स्थिति में बच्चों को आधुनिक तकनीक से पढ़ाई से जोड़ने के लिए सरकार ने हर घर बने पाठशाला नामक कार्यक्रम आरंभ किया गया है ताकि लॉकडाउन के चलते बच्चों का अध्ययन कार्य बाधित न हो । उन्होने बताया कि शिक्षा निदेशक प्रारम्भिक द्वारा हर रोज साढ़े 9 बजे तक जिला स्तर पर कार्यरत उपनिदेशक और डीपीओ को पाठय सामग्री उपलब्ध करवाई जाती है जिसे बीआरसीसी द्वारा अध्यापकों के माध्यम से बच्चों तक पहूंचाई जाती है । विद्यार्थी घर पर व्हाटसएप पर पाठय सामग्री को प्रतिदिन 10 से 12 बजे तक पढ़ते हैं जिसमे अघ्यापक बच्चों का मार्गदर्शन करते है और दिनभर की फीडबेक अध्यापकों द्वारा सरकार को हरोज 5 बजे तक भेजना सुनिश्चित की गई है । उन्होने बताया कि जिन बच्चों के अभिभावकों के पास एंड्राइड फोन नहीं है ऐसे बच्चों को एसएमएस अथवा वॉयस कॉल के माध्यम से जोड़ने का प्रयास किया जायेगा ं।बैठक में सीआरसीसी पबियाना दिनेश सूद, सीआरसीसी फागू ओम प्रकाश, सीआरसीसी सनोरा विद्या दत्त शर्मा और सीआरसीसी भढ़ोली सुरेश शर्मा ने भाग लिया ।












